Tuesday, February 24, 2026

कोल अफसरों के वेतनमान में 20 से 40 हजार की बढ़ोतरी की अनुशंसा, पीएसयू के समकक्ष वेतनमान के लिए गठित उच्च स्तरीय समिति ने कोयला मंत्रालय को सौंपी रिपोर्ट

Must Read

कोल अफसरों के वेतनमान में 20 से 40 हजार की बढ़ोतरी की अनुशंसा, पीएसयू के समकक्ष वेतनमान के लिए गठित उच्च स्तरीय समिति ने कोयला मंत्रालय को सौंपी रिपोर्ट

कोरबा। कोयला अधिकारियों के पे-अपग्रेडेशन का मामला जल्द सुलझने के आसार हैं। बताया जा रहा है कि कोल इंडिया व उसकी सहायक कंपनियों के अधिकारियों के वेतनमान को महारत्न पीएसयू के समकक्ष लाने के लिए गठित समिति ने अपनी रिपोर्ट कोयला मंत्रालय को सौंप दी है। समिति 19 मार्च 2025 को संयुक्त सचिव (बीपीपी) भवानी प्रसाद पाती की अध्यक्षता में गठित हुई थी। इसमें कोल इंडिया सहित अनुषंगी कंपनी एनसीएल और एमसीएल के निदेशक (कार्मिक) सदस्य थे। कोल इंडिया बोर्ड द्वारा प्रस्तावित व कमेटी की अनुशंसा के मुताबिक कोयला अधिकारियों के वेतनमान में 20 से 40 हजार रुपए तक की बढ़ोतरी का सुझाव दिया गया है।
महारत्न कंपनियों के बराबर कोल अफसरों को भी वेतन प्रदान किए जाने की अनुशंसा कमेटी ने की है। वेतन अपग्रेडेशन के मुद्दे को लेकर कोयला मंत्रालय द्वारा 19 मार्च 2025 को कमेटी का गठन किया गया था। कमेटी अपनी रिपोर्ट जबलपुर हाईकोर्ट में प्रस्तुत करेगी। हालांकि अभी कोल मंत्री ने रिपार्ट पर अपनी अनुशंसा नहीं की है। कोल माइंस ऑफिसर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया द्वारा अधिकारियों की वेतन विसंगति को लेकर लड़ाई लड़ी जा रही है। सीएमओएआई बीपीसीएल, ओएनजीसी, भेल, गेल, नालको जैसी महारत्न कंपनियों की तरह वेतन लागू करने मांग कर रहा है। हालांकि जीएम, कार्यकारी निदेशक, निदेशक व सीएमडी स्तर के अधिकारियों के वेतनमान में कोई बदलाव का प्रस्ताव नहीं है। ई-7 यानी चीफ मैनेजर के वेतनमान में 20 हजार, सीनियर मैनेजर (ई-6) के वेतन में 30-40 हजार व मैनेजर (ई-5) से ई-1 ग्रेड तक के अधिकारियों के वेतनमान में 20 से 40 हजार रुपये तक की वृद्धि की अनुशंसा की गई है। कोयला अधिकारियों के वेतन विसंगति मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर जबलपुर हाइकोर्ट में सुनवाई चल रही है। कोयला मंत्रालय चाहता है कि हाइकोर्ट में होने वाली सुनवाई से पहले ही कोयला अधिकारियों के वेतन विसंगति मामले को सुलझा लिया जाए।
बॉक्स
1,80,000 तक हो सकता है संशोधन
मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय की जबलपुर बेंच के आदेश के बाद समिति ने दोनों पक्षों को सुना और विभिन्न मंत्रालयों से एनटीपीसी, ओएनजीसी, आईओसीएल, गेल, नाल्को, सेल, एनएमडीसी, मेकॉन, एमएसटीसी आदि कंपनियों के वेतनमान संबंधी आंकड़े जुटाए। समिति ने कोल इंडिया में अधिकारियों का वेतनमान उसके 30 अगस्त 2023 के बोर्ड स्वीकृत प्रस्ताव के अनुसार संशोधित करने की सिफारिश की है। इसमें प्रत्यक्ष भर्ती अधिकारियों का प्रारंभिक वेतनमान 60,000 से 1,80,000 रखने और सभी श्रेणियों के कर्मचारियों का वेतन संशोधन समान अंतराल पर करने का सुझाव दिया है। साथ ही डीपीई के दिशा-निर्देशों का पालन व किसी भी कार्यकारी को अनुचित आर्थिक लाभ या क्रम से बाहर पदोन्नति न देने की शर्त रखी है।

Loading

Latest News

राशन दुकानों में भंडारण-वितरण की समीक्षा करने एसडीएम को दिए निर्देश, राशन दुकानों में खाद्यान्न का भंडारण और वितरण सुनिश्चित कराएंः कलेक्टर

कोरबा। कलेक्टर कुणाल दुदावत ने आज समय-सीमा की बैठक लेकर विभागीय कामकाजों की समीक्षा की।उन्होंने फ्लैगशिप योजनाओं के क्रियान्वयन...

More Articles Like This