Saturday, February 14, 2026

बांगो बांध के पानी से निस्तारी की समस्या हुई दूर, पड़ोसी जिले के तालाब और नालों में हुआ जल भराव

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बांगो बांध के पानी से निस्तारी की समस्या हुई दूर, पड़ोसी जिले के तालाब और नालों में हुआ जल भराव

कोरबा। मिनीमाता हसदेव बांगो परियोजना के बांध का पानी नहर से नदी नाले में भरने से ग्रामीणों की निस्तारी की समस्या दूर हो गई है। वहीं सिंचाई के लिए भी लोगों को पानी मिल रहा है। मालखरौदा ब्लाक के ग्राम घोघरी, बरभाठा ,कवलाझर व तेंदुमुड़ी में निस्तार की समस्या शुरू हो गई थी। लगातार नहर में पानी छोडऩे की मांग की गई थी। क्योंकि पड़ोसी जिले के घोघरी बगान नाला में एक बूंद पानी नहीं था जबकि पूरा बगान नाला सूख गया था । जिस कारण आम बाजार एवं मवेशी बाजार में आने वाले ग्रामीण एवं मवेशियों को बूंद बूंद पानी के लिए तरसना पड़ रहा था। अब नहर का पानी बगान नाला घोघरी एवं पोखरी तालाब में भर रहा है ग्राम तेंदुमुड़ी मवेशी बाजार को राहत मिली है। ग्रामीणों की नहाने की समस्या दूर हो गई है। साथ ही बगान नाला में पानी लबालब भरने से मवेशियों एवं पशु पक्षियों को भी पानी का सहारा मिल रहा है। नहर के पानी से नदी, नाले, पोखर में पानी भरने से बच्चे मौज मस्ती कर नहा रहे हैं। इस भीषण गर्मी में बच्चे नदी में नहाते हुए आनंद ले रहे हैं। डभरा क्षेत्र के ग्राम ठनगन, छुहीपाली ,खोंधर, खैरा ,कोटमी, धुरकोट, गोबरा, फरसवानी, कुसमुल सहित सभी गांवो में नहर विभाग के अधिकारियों द्वारा पानी पहुंचाया जा गया है गांवो के तालाब पोखरी को भरा जा चुका है।लोगों की निस्तारी की समस्या दूर हो रही है। वहीं नहर का पानी गांव-गांव पहुंचने से भूमिगत जल स्तर भी बढ़ रहा है। नहर का पानी आने से किसानों के धान की फसल की भी सिंचाई हो रही है। भूमिगत जल स्तर गिरने के कारण किसानों के बोरवेल सूख चुके थे और धान के फसल सूखने की स्थिति में थी। लेकिन ठीक समय पर हसदेव बांगों बांध का पानी पहुंचने से किसानों की धान की फसल बच गई।मिनीमाता बांगों बांध से नहर में पानी छोड़ा गया है। विभागीय अधिकारी एवं कर्मचारियों की देखरेख में नहर से पानी सभी गांव के तालाब , नदी , नाले भर चुके हैं। निस्तारी की समस्या दूर हो गई है।

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कन्वेयर बेल्ट हुआ क्षतिग्रस्त, कोयला सप्लाई बाधित

कोरबा। जिले कुसमुंडा खदान से कन्वेयर बेल्ट के माध्यम से सीएसईबी प्लांट को कोयला पहुंचाया जाता है, एशिया की सबसे लंबी यह कन्वेयर बेल्ट कुसमुंडा खदान से कई मुख्य मार्गो, नदी नालों को पार कर सीएसईबी प्लांट तक पहुंचती है। दर्री मुख्य मार्ग पर इस कन्वेयर बेल्ट को पार करने सडक़ के बीच एक लोहे का पिलहर बनाया गया है, जिसे बीते रविवार की देर रात एक कोयला लोड ट्रेलर ने जोरदार टक्कर मार दी, जिससे यह पिल्हर बैंड हो गया और ऊपरी ढांचा क्षतिग्रस्त हो गया, इस वजह से कोयला सप्लाई बाधित हो गई है।

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