Wednesday, February 11, 2026

राजनीतिक नियुक्तियां हुई रद्द, सदस्यों का मनोनयन समाप्त

Must Read

राजनीतिक नियुक्तियां हुई रद्द, सदस्यों का मनोनयन समाप्त

कोरबा। राज्य सरकार ने पूर्व सरकार की राजनीतिक नियुक्तियों को रद्द कर दिया है। इस एक आदेश से विभिन्न आयोग, बोर्ड में मनोनीत जिले के दर्जन भर लोगों का मनोनयन खत्म हो गया है। अब वे आयोग व बोर्ड के पूर्व सदस्य हो गए हैं। वहीं मंडियों में बनाए गए भारसाधक जिन्हें अध्यक्ष, उपाध्यक्ष कहा जाता है, वे भी स्वत: ही हट गए। उनके अलावा सभी धान खरीदी केंद्रों में नियुक्त किए गए प्राधिकृत अधिकारियों का मनोनयन भी खत्म हो गया। प्रत्येक सरकार सत्ता में आने के बाद अपने कार्यकर्ताओं को उपकृत करने के लिए विभिन्न आयोगों अथवा बोर्ड में पदाधिकारी, सदस्य मनोनीत कर उनका सम्मान करती है। ऐसे लोग संबंधित बोर्ड अथवा आयोग की बैठकों में सदस्य अथवा पदाधिकारी होने के नाते शामिल होते हैं, जिलों में आयोजित होने वाले सरकारी कार्यक्रमों में प्रोटोकाल में उनका नाम व स्थान तय होता है। उनके पोर्टफोलियो में एक और पदनाम बढ़ जाता है। सरकार बदलने पर उनसे उनका पद छिन लिया जाता है। जिले में ऐसे दर्जन भर से अधिक लोगों को सरकार ने मनोनीत किया था। अब भाजपा की नई सरकार बनते ही 15 दिसंबर को सरकार ने आदेश जारी कर पूर्व में हुई सभी राजनीतिक नियुक्तियों को रद्द कर दिया है। जिले के सभी धान खरीदी केंद्रों में सरकार द्वारा कांग्रेस कार्यकर्ताओं को प्राधिकृत अधिकारी बनाया गया था, सरकार के नए आदेश के साथ ही उनका भी कार्यकाल खत्म हो गया। अब उनकी जगह पर धान खरीदी की व्यवस्था के लिए जिला सहकारी केंद्रीय बैंक व सहकारिता विभाग के अधिकारियों को जिम्मेदारी दी जाएगी।

Loading

Latest News

नकटीखार में अवैध शराब बनाकर की जा रही बिक्री, ग्रामीणों ने कलेक्टर से शिकायत कर की कार्रवाई की मांग

कोरबा।ग्राम नकटीखार के कई घरों में अवैध रूप से शराब बनाकर बेचने का काम धड़ल्ले से किया जा रहा...

More Articles Like This