Wednesday, February 11, 2026

चौपाटी को बंद रखकर शिफ्टिंग का जता रहे विरोध, व्यापारियों को सता रहा घाटे का डर, गढ़ कलेवा में किया जाएगा शिफ्ट

Must Read

चौपाटी को बंद रखकर शिफ्टिंग का जता रहे विरोध, व्यापारियों को सता रहा घाटे का डर, गढ़ कलेवा में किया जाएगा शिफ्ट

कोरबा। नगर पालिक निगम के द्वारा खोमचा कारोबार करने वाले लोगों के लिए गढ़ कलेवा विकसित किया गया है। अंतिम रूप से इसका संचालन इसी स्थान पर किया जाना है। जहां चौपाटी को शिफ्ट किया जाना है। इस फैसले के विरोध में दो दिन से चौपाटी में सन्नाटा है। तर्क दिया जा रहा है कि पुरानी जगह पर ही कामकाज किया जाएगा।छत्तीसगढ़ सरकार के द्वारा स्थानीय व्यंजनों को बढ़ावा देने और समूहों को प्रोत्साहित करने के लिए कोरबा समेत अनेक स्थानों पर गढ़ कलेवा की संकल्पना के अंतर्गत काम कराया गया। स्मृति उद्यान के पास गढ़ कलेवा का विकास पिछले वर्षों में नगर निगम की ओर से किया गया। मौके पर सभी जरूरी सुविधाएं मुहैया कराई गई और कारोबार करने वाले वर्ग को राहत देने का प्रयास किया गया। काफी समय तक इस परिसर से कारोबारी करने वाले वर्ग ने बेहतर सहूलियत प्राप्त करने के साथ-साथ व्यवसाय भी किया और लाभ कमाया। बाद में यहां पर हुई घटनाओं की वजह से कारोबारी दूसरे स्थान की तरफ चले गए ।लंबे समय से ओपन थिएटर क्षेत्र में चौपाटी का संचालन इस कड़ी में जारी रहा। नगर पालिका निगम ने एक बार फिर योजना के अंतर्गत खर्च करते हुए गढ़ कलेवा को सिस्टमैटिक कर लिया है। अब इसी स्थान पर चौपाटी का संचालन कराया जाना है और इसके लिए हर स्तर पर प्रक्रियाएं की जा रही हैं। इधर नगर निगम के इस निर्णय पर आपत्ति दर्ज करने के साथ चौपाटी से संबंधित कारोबारी ने अपना कामकाज बंद कर दिया है। इसके चलते मौके पर सन्नाटा की स्थिति बनी हुई है। कारोबार करने वाला वर्ग इस बात को कह रहा है कि गढ़ कलेवा में उन्हें शिफ्ट करने के लिए योजना बनाई गई है वहां पर ग्राहकों की उपस्थिति ना के बराबर होती है। पहले भी इस तरह की तस्वीर बन चुकी है और काफी नुकसान हो चुका है। इसलिए दूसरी बार ऐसी जोखिम मोल लेने की मानसिकता बिल्कुल नहीं है। उन्होंने नगर निगम से इस मामले में एक बार फिर विचार करने को कहा है।

Loading

Latest News

नकटीखार में अवैध शराब बनाकर की जा रही बिक्री, ग्रामीणों ने कलेक्टर से शिकायत कर की कार्रवाई की मांग

कोरबा।ग्राम नकटीखार के कई घरों में अवैध रूप से शराब बनाकर बेचने का काम धड़ल्ले से किया जा रहा...

More Articles Like This