एसईसीएल का अतिक्रमण पर ध्यान नहीं, बढ़ रहा बेजा कब्जा, कालोनियों में गंदगी और बिजली की बढ़ी समस्या
कोरबा। एसईसीएल के क्षेत्र में ही अतिक्रमण के मामले में भी प्रबंधन द्वारा लापरवाही बरती जा रही है। पिछले कई वर्षों से एसईसीएल की जमीन पर अतिक्रमण का खेल चल रहा है। आवासीय कॉलोनी को छोड़ कर इसके आसपास स्थित खाली पड़ी पूरी जमीन पर लोगों ने कब्जा कर घर बना लिया है। जबकि जमीन एसईसीएल की है। कंपनी अपनी जमीन को नहीं बचा सक रही है। कंपनी की जमीन पर कब्जा के लिए लोगों के बीच होड़ मची हुई है। एसईसीएल मानिकपुर कॉलोनी क्षेत्र में स्थित पोखरी पर लोगों ने मकान बना लिया है। जेसीबी सहित अन्य बड़ी मशीनों से जमीन को समतल किया है। मानिकपुर पोखरी पूर्व में कोयला खदान थी। यहां से कोयला खनन होता था। अचानक तेज बारिश से खदान में पानी भर गया। कंपनी ने खदान का संचालन बंद कर दिया। खदान की मिट्टी आसपास के इलाकों में फैली हुई है। इसे ओवरबर्डन कहा जाता है। लोगों ने ओवरबर्डन को समतलकर इसपर कब्जा लिया है। वर्तमान में कई छोटी- छोटी अवैध बस्तियां यहां पर बसी हुई है। इसके अलावा एसईसीएल की कॉलोनियों में बिजली बार- बार बंद हो रही है। नालियों की साफ सफाई का काम ठप पड़ा हुआ है। इससे मौसमी बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। प्रबंधन कालोनियों की सुध नहीं ले रहा है। हालांकि प्रबंधन की ओर से कालोनियों की साफ-सफाई को लेकर समय-समय पर टेंडर जारी किए जाते हैं, लेकिन ठेकेदार कागजों में ही काम कर बिल का भुगतान प्राप्त कर लेता है।नगर निगम की सीमा के भीतर एसईसीएल की बड़ी कॉलेनियां हैं, जो कोरबा, कुसमुंडा, घुड़देवा और बांकीमोंगरा क्षेत्र में फैली हुई हैं। पिछले कुछ दिनों से बिजली व्यवस्था से कॉलोनी के लोग नाराज हैं। एसईसीएल कॉलोनी होने की वजह से पूरी व्यवस्था प्रबंधन द्वारा पूरी की जाती है। पिछले सप्ताह पंपहाउस और 15 ब्लॉक इलाके में 24 घंटे से ज्यादा समय तक बिजली आपूर्ति ठप रही थी। इससे15 ब्लॉक में रहने वाले लोगों को काफी परेशानी हुई थी। इसके पीछा बड़ा कारण बिजली आपूर्ति का पुराना सिस्टम है। वर्षों पुराने सिस्टम के भरोसे क्षेत्र में आपूर्ति हो रही है। इस वजह से बिजली आपूर्ति बार-बार बाधित हो रही है। सुधार कार्य शुुरु करने में अधिकारी ध्यान नहीं देते हैं। एसईसीएल की आवासीय में पड़ने वाली नालियों की साफ सफाई नहीं हो रही है। इससे नालियां बज- बजा रही हैं। पॉलिथिन और सामानों से नालियां भर गई हैं। बारिश का पानी बाहर निकलने में परेशानी हो रही है। कई क्षेत्रों में शौचालय की पाइप भी सीधे नाली में गिरती है। इससे इन आवासीय कॉलोनियों में स्थिति दिन प्रतिदिन खराब होती जा रही है।इससे पूर्व एसईसीएल के कॉलोनियों में लचर सफाई व्यवस्था को लेकर निगम ने कई बार सती बरती है। अधिकारियों को नोटिस भी जारी किया जा चुका है। उसके बाद भी डोर टू डोर कचरा कलेक्शन सेे लेकर रोड स्वीपिंग के काम में लापरवाही बरती जा रही है।
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